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भारतीय स्वदेश प्रेम की चतुरता का एक उम्दा वाकया...

एक बार संयुक्त राष्ट्र में कश्मीर को ले कर चर्चा चल रही थी ।एक भारतीय प्रवक्ता बोलने के लिए खडा हुआ और अपना पक्ष रखने से पहले एक बहुत पुरानी कश्यप ऋषि की कहानी सुनाने के लिए कहा
"एक बार महर्षि कश्यप घूमते घूमते कश्मीर पहुंचे जिनके नाम पर आज कश्मीर नाम पड़ा है ।वहा उन्होंने एक सुन्दर झील देखी तो उस झील में उनका नहाने का मन किया ।उन्होंने अपने कपड़े उतारे और झील में नहाने चले गए ।जब वो नहान कर बाहर निकले तो उनके कपडे वहा मौजूद नहीं थे । उनके कपडे किसी पाकिस्तानी ने चुरा लिये थे ।"
इतने में पाकिस्तानी प्रवक्ता चीखा और बोला "क्या बोल रहे हो?उस समय पाकिस्तान नहीं बना था ।"
भारतीय प्रवक्ता मुस्कुराया और बोला" अब सब कुछ साफ़ हो चुका है । अब में अपना भाषण शुरू करना चाहता हूँ ।" "और ये पाकिस्तानी कहते है की कश्मीर इनका है ।"
पुरा संयुक्त राष्ट्र सभा में ठहाकों के गूंज से भर गया ।।
एक हिन्दुस्तानी होने के नाते ये मुझे बहुत पसंद आया । आप भी अपने दोस्तों के साथ शेयर करे ।
ॐ हर हर महादेव

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